Popular Posts

June 9, 2009

Khushi


लोग कहता है की इतना खुश क्यो रहता है

जो दिखता है वोह सच नही होता है


जाने इस दिल का चेहरे से कैसा कनेक्शन होता है

दर्द में मुश्कान तो खुशी में आंसू टपकता है


नंगे पाँव को ज़रा भी दर्द नही होता है

महंगे जूते वाले को काँटा भी असहनिये होता है


तपती धूप में गरीब चेन की नींद सोता है

और घर के एसी में कोई बेचेन होता रहता है


किसी की खुशी दोस्तों में दुगनी हो जाती है

तो कोई दोस्तों से खुशी छुपाये फिरता है


कोई प्यार को जीवन समझता है और पूरा लुट जाता है

कोई लूट कर भी प्यार और जीवन नही समझ पता है


कोई उम्मीद में उमर निकाल देता है

तो कोई नाउमीद करके भी नही थकता


जो दर्द नही समझा उससे मुश्कान समझाना भी कठीन है

इसलिए खुश क्यो हूँ यह बताना भी कठीन है…….

No comments:

Post a Comment